झबरेड़ा नगर पद संचलन 2018



राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर मे पद संचलन के कुछ ग्रुप  फोटो 
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर मे पद संचलन के कुछ ग्रुप  फोटो 
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 

Wait for 10 Seconds

...
Share:

झबरेड़ा नगर अभ्यास वर्ग 2018


राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर मे नगर अभ्यास  वर्ग फोटो 
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर  
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 

Wait for 10 Seconds
...
Share:

झबरेडा नगर सहभोज एवं बाल शिविर 2018



राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर मे नगर सहभोज एवं बल शिविर वर्ग फोटो 
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर  
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 

Wait for 10 Seconds
...
Share:

झबरेडा नगर देव दर्शन एवं शाखा दर्शन 2018


राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर मे देव दर्शन एवं शाखा दर्शन फोटो 
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ झबरेड़ा नगर  
नगर - झबरेड़ा जिला - रुड़की विभाग - हरिद्वार प्रान्त - उत्तराखंड 

Wait for 10 Seconds
.......
Share:

भारत माँ के चरण कमल में - MP3


भारत माँ के चरण कमल पर तन मन धन कर दे न्यौछावर
*******************************************
Share:

सुभाषित - विरोधिनोअपि श्रोतव्यं




[1]
सुभाषित दो शब्दों सु + भाषित से मिलकर बना है, जिसका अर्थ है सुन्दर भाषा में कहा गया| सुभाषित जीवन के दीर्घकालिक अनुभवों के भण्डार हैं जिनमे सुखी और आदर्श जीवन की अनमोल सीख छिपी हुई है | जैसे - 



विरोधिनोअपी श्रोतव्यं, 
आत्मलीनतयामतम |
तात्कालम न विरोद्धव्यम, 
यथाकालं तू खंडयेत ||



***अर्थ***

विरोधियों के विचार को भी 

आत्मीयतापूर्वक सुनना चाहिए 
और तत्काल उसका विरोध
नहीं करना चाहिए| 
बाद  में उचित समय पर
बात का खंडन करना चाहिए |





Share:

Wikipedia

खोज नतीजे

Popular Posts

फ़ॉलोअर